छपरा के किसान अशोक सिंह का संघर्ष, आटा मिल हादसे में कटा हाथ, फिर भी एक हाथ से खेती कर बेटे को बनाया नेवी में सीओ

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Chhapra News: अशोक सिंह कहते है कि उनके संघर्ष की असली पैदावार बेटे की सफलता है. जिसे देखकर उन्हें अंदर से बहुत खुशी मिलती है और अपने हाथ खोने का कोई अफसोस नहीं होता. वे किसानों से अपील करते है कि अगर खुद नौकरी नहीं कर पाए तो भी अपने बच्चों को सफल बनाने के लिए पूरी मेहनत और संघर्ष करें. उनकी हर जरूरत पूरी करें. एक दिन आपका बच्चा जरूर सफल होगा.   Read More ...

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