न अपनों का सहारा, न कोई रिश्तेदा, तब ‘अनोखी सोच’ ने निभाई इंसानियत की जिम्मेदारी

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Ambikapur anokhi soch sanstha : छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर में “अनोखी सोच” संस्था मानवता की अनोखी मिसाल पेश कर रही है. कोरोना काल में शुरू हुई यह संस्था आज भी बेसहारा और जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए लगातार काम कर रही है. हाल ही में धौरपुर-डुमरडीह गांव की रहने वाली यशोदा गुप्ता का निधन हो गया, जिनके पति पहले ही गुजर चुके थे और दो छोटे बच्चे हैं. परिवार में कोई सहारा नहीं था, ऐसे में संस्था के सदस्यों ने आगे बढ़कर उनका सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार कराया. संस्था के अध्यक्ष सूर्य प्रकाश साहू के अनुसार, टीम अपने स्तर पर अंतिम संस्कार, राशन सहायता, इलाज में मदद और कई सामाजिक सेवा कार्य करती है.   Read More ...

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