ना फैक्ट्री, ना मशीन… फिर भी देशभर में डिमांड! 100 साल से चल रही इस खाट की परंपरा आज भी क्यों है सुपरहिट? जानें

Image credit: Internet

Karauli Hindi News: करौली जिले के अटा गांव की बबूल की लकड़ी से बनी खाट ने राजस्थान में अपनी अलग पहचान बनाई है. यह परंपरा करीब 100 साल पुरानी है, जिसे आज भी स्थानीय कारीगर पूरी लगन और मेहनत से जीवित रखे हुए हैं. बिना किसी आधुनिक मशीन के हाथों से तैयार की जाने वाली ये खाटें मजबूती और टिकाऊपन के लिए जानी जाती हैं. ग्रामीण जीवन की झलक दिखाने वाली यह कला न केवल स्थानीय रोजगार का साधन है, बल्कि राजस्थान की समृद्ध हस्तशिल्प परंपरा को भी दर्शाती है. आज भी इसकी मांग दूर-दूर तक बनी हुई है.   Read More ...

free visitor counters